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Q1. अभिकथन (A): वाहनों के पार्श्व-दृश्य दर्पणों पर चेतावनी लिखी होती है — "वस्तुएँ दर्पण में दिखाई देने वाली दूरी से अधिक निकट हैं।"
कारण (R): उत्तल दर्पण लघुकृत प्रतिबिंब बनाता है, इसलिए दूर की वस्तुएँ छोटी और इस कारण वास्तविक से अधिक दूर दिखाई देती हैं।
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Q2. तीक्ष्ण मोड़ों और चौराहों पर अवतल के बजाय उत्तल दर्पण लगाए जाते हैं क्योंकि:
I. उत्तल दर्पण दोनों ओर की सड़क का व्यापक दृष्टि-क्षेत्र देते हैं।
II. उत्तल दर्पण सीधा प्रतिबिंब बनाते हैं जिससे चालक वाहन-गति को शीघ्र समझ पाते हैं।
III. उत्तल दर्पण आते हुए वाहनों का आवर्धित प्रतिबिंब बनाते हैं।
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Q3. एक संग्रहालय में एक महिला दूर से चलकर एक बड़े अवतल दर्पण की ओर जाती है। वह देखेगी कि
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Q4. तीन समरूप स्केच पेन के ढक्कन तीन दर्पणों के सामने रखे हैं। एक प्रतिबिंब में ढक्कन वास्तविक के समान आमाप का दिखता है; दूसरे में बड़ा; तीसरे में छोटा। दर्पण क्रमशः हैं
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Q5. एक प्रकाश किरण समतल दर्पण की सतह से 40° का कोण बनाती है (अभिलंब से नहीं)। अभिलंब से मापा गया परावर्तन कोण कितना होगा?
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Q6. क्रियाकलाप 10.5 में मेज से बाहर निकला एक अनम्य पत्रक है। दर्पण पर पड़ने वाला प्रकाश परावर्तित होकर पत्रक के बाहर के भाग पर पड़ता है। जब पत्रक को मेज के किनारे से नीचे की ओर मोड़ा जाता है तो परावर्तित किरणपुंज उससे लुप्त हो जाता है क्योंकि
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Q7. परावर्तन के नियमों के बारे में कौन-से कथन सही हैं?
I. ये केवल समतल दर्पणों पर लागू होते हैं।
II. ये गोलीय दर्पणों पर भी लागू होते हैं।
III. गोलीय दर्पण पर प्रत्येक बिंदु पर हर प्रकाश किरण इन नियमों का पालन करती है।
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Q8. अभिकथन (A): एक अवतल दर्पण पर पड़ने वाला समांतर किरणपुंज परावर्तन के बाद अभिसरित होता है, जबकि वही किरणपुंज उत्तल दर्पण से अपसरित होता है।
कारण (R): गोलीय दर्पणों पर आपतन कोण परावर्तन कोण के बराबर नहीं होता।
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Q9. भारतीय गाँवों में उपयोग होने वाले सौर-संकेंद्रकों (solar concentrators) के बारे में कौन-से कथन सही हैं?
I. वे सूर्य के प्रकाश को एक छोटे क्षेत्र में संकेंद्रित करने के लिए दर्पणों (और कभी-कभी लेंसों) का उपयोग करते हैं।
II. संकेंद्रित प्रकाश से उत्पन्न ऊष्मा से भोजन पकाया जाता है।
III. इनका मुख्य उद्देश्य प्रकाश को परावर्तित करना है, ऊष्मा उत्पन्न करना नहीं।
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Q10. मीना एक आवर्धक लेंस को मुद्रित पाठ्यसामग्री के समीप रखती है — अक्षर बड़े दिखाई देते हैं। वह लेंस को धीरे-धीरे पाठ्यसामग्री से दूर ले जाती है। वह क्या देखेगी?
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Q11. एक वस्तु एक अवतल लेंस के पीछे रखी जाती है। वस्तु को धीरे-धीरे लेंस से दूर ले जाने पर लेंस से दिखाई देने वाला प्रतिबिंब
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Q12. लेंस और दर्पण की तुलना में कौन-से कथन सही हैं?
I. लेंस से प्रकाश पार होकर निकल जाता है, जबकि दर्पण से प्रकाश परावर्तित होता है।
II. हम दर्पण में चीजें देखते हैं परंतु लेंस के माध्यम से देखते हैं।
III. लेंस और दर्पण दोनों अपारदर्शी धातु से बनाए जा सकते हैं।
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Q13. उत्तल लेंस द्वारा बने प्रतिबिंब के बारे में कौन-से कथन सही हैं?
I. वस्तु की दूरी के अनुसार प्रतिबिंब सीधा या उल्टा हो सकता है।
II. प्रतिबिंब आवर्धित, लघुकृत या वस्तु के समान आमाप का हो सकता है।
III. प्रतिबिंब सदैव सीधा और लघुकृत होता है।
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Q14. एक चपटे काँच के टुकड़े को घिसकर वक्रित पृष्ठ बनाया जाता है। इसके बाहरी (उभरे) वक्रित पृष्ठ पर एल्युमिनियम की परावर्तक परत चढ़ाई जाती है। बना
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Q15. एक छात्र किसी दर्पण को बिना पृष्ठ छुए पहचानना चाहता है कि वह समतल, अवतल या उत्तल है। सबसे विश्वसनीय एकल प्रेक्षण है