क्विज़

नव-आरंभ — नगर एवं राज्य — क्विज़

15 प्रश्न 15 मिनट अवधारणाओं का अनुप्रयोग

  1. Q1. अध्याय जब भारत के 'प्रथम नगरीकरण' की बात करता है, तो उसका संकेत किस सभ्यता की ओर है?

  2. Q2. प्रथम नगरीकरण के पतन के बाद हड़प्पा सभ्यता की किन विशेषताओं के लुप्त होने का अध्याय में उल्लेख है?

  3. Q3. द्वितीय नगरीकरण की जानकारी मुख्यतः दो प्रकार के स्रोतों से मिलती है। उन्हें कौन-सा युग्म सबसे सही वर्णित करता है?

  4. Q4. 8वीं–7वीं शताब्दी सा.सं.पू. तक महाजनपदों के उद्भव का कारण क्या था?

  5. Q5. प्रिया महाजनपदों एवं उनकी राजधानियों की तालिका बना रही है। वर्तमान उत्तर प्रदेश के भाग में स्थित कोसल की राजधानी कौन-सी थी?

  6. Q6. 16 महाजनपदों के मानचित्र (चित्र 4.3) में गांधार सुदूर उत्तर-पश्चिम में स्थित है। मानचित्र में इसकी राजधानियाँ कौन-सी दर्शाई गई हैं?

  7. Q7. जनपद का राजा 'स्वतंत्र रूप से अथवा मनमाने ढंग से शासन करने वाला नहीं' था। इसका सबसे उपयुक्त अर्थ क्या है?

  8. Q8. राजतंत्रीय महाजनपदों में राजा का पद प्रायः कैसा होता था?

  9. Q9. राजतंत्रीय महाजनपद के राजा के कर्तव्यों में अध्याय में निम्न में से किसका उल्लेख नहीं है?

  10. Q10. रवि शिशुपालगढ़ के उत्खनित स्थल पर जाकर देखता है कि प्राचीर की दीवारों के द्वार जान-बूझकर संकरे बनाए गए हैं। अध्याय के अनुसार इसका सबसे उपयुक्त कारण क्या है?

  11. Q11. 'इस पर विचार करें' बॉक्स पूछता है कि गंगा के मैदानों में इतने महाजनपद क्यों केंद्रित थे। अध्याय किन कारणों का सुझाव देता है?

  12. Q12. वर्तमान भुवनेश्वर के निकट शिशुपालगढ़ किस क्षेत्र की राजधानी थी, तथा उसकी रचना-योजना कैसी थी?

  13. Q13. आरती पढ़ती है कि द्वितीय सहस्राब्दी सा.सं.पू. के अंत तक लोहे के उपकरण व्यापक हो गए थे। अध्याय से सबसे उपयुक्त निष्कर्ष क्या निकलता है?

  14. Q14. लोहे ने काँसे की तुलना में बेहतर हथियार क्यों बनाए?

  15. Q15. अध्याय इस काल के भारतीय समाज को 'द्वि-स्तरीय व्यवस्था' के रूप में वर्णित करता है। ये दो श्रेणियाँ कौन-सी थीं?

आपका स्कोर और प्रत्येक प्रश्न की व्याख्या यहीं तुरंत दिखाई देगी।