गणित · CTET नोट्स

मापन — लंबाई, भार, समय और धारिता (P1)

मापन गणित का भौतिक संसार में अनुप्रयोग है — वस्तुओं और घटनाओं के गुणों की तुलना और परिमाणीकरण की क्षमता। जब भी कोई बच्चा पूछता है 'यह कितना लंबा है?' या 'यह कितना भारी है?' या 'इसमें कितना आएगा?', वह मापन में संलग्न है। CTET पेपर 1 कई आयामों पर मापन परखता है: अमानक से मानक इकाई तक की वैचारिक यात्रा, लंबाई और क्षेत्रफल की गणना, बीते समय की समस्याएँ, धारिता और भार, मुद्रा अंकगणित, और आकृति-क्षेत्रफल संबंध। यह नोट NIOS 504 और NCF 2005 के आधार पर पूरे दायरे को कवर करता है।

0246810cm12369Area = length × breadthPerimeter = sum of all sides1 kg = 1000 g | 1 L = 1000 mL

मापन क्या है? गुण और तुलना

मापन वह प्रक्रिया है जिसमें किसी वस्तु या घटना के किसी गुण की तुलना एक मानक इकाई से की जाती है और उस गुण को एक संख्या के रूप में व्यक्त किया जाता है। हम कई गुणों को माप सकते हैं: लंबाई, क्षेत्रफल, आयतन, भार (द्रव्यमान), समय, धारिता और मुद्रा मूल्य।

प्रत्येक मापन प्रश्न किस गुण को मापा जा रहा है — इसकी पहचान से शुरू होता है। लंबाई एक-आयामी है; क्षेत्रफल द्वि-आयामी। भार (गुरुत्वाकर्षण बल) और द्रव्यमान (पदार्थ की मात्रा) संकल्पनात्मक रूप से भिन्न हैं, परंतु प्राथमिक स्तर पर दोनों को ग्राम और किलोग्राम में मापा जाता है।

तुलना मापन की नींव है। औपचारिक मापन से पहले बच्चे सीधे तुलना करते हैं: 'यह छड़ी उससे लंबी है।' मापन इस गुणात्मक तुलना को मात्रात्मक बनाता है: 'यह छड़ी 23 cm और वह 18 cm है, इसलिए यह 5 cm लंबी है।'

मुख्य शिक्षण सिद्धांत (NCF 2005): बच्चों को पहले सीधे और अनौपचारिक रूप से तुलना करनी चाहिए, फिर अमानक इकाइयों से मापना, और तभी मानक इकाइयों की ओर जाना। सीधे पैमाने पर कूदना मापन की वैचारिक नींव को छोड़ देता है।

मापन का संरक्षण: संख्या के संरक्षण (Piaget) की तरह, बच्चों को समझना होगा कि वस्तु को हिलाने या मोड़ने से उसकी मापी गई लंबाई नहीं बदलती। मिट्टी के साथ गतिविधियाँ (आकार बदलने पर द्रव्यमान नहीं बदलता) मापन से पहले संरक्षण विकसित करती हैं।

पहले अमानक इकाई — मानक इकाई की आवश्यकता क्यों?

अमानक से मानक इकाई की ओर प्रगति प्राथमिक गणित के सबसे महत्त्वपूर्ण वैचारिक संक्रमणों में से एक है, और CTET इस क्रम के शैक्षणिक कारण को बार-बार परखता है।

अमानक इकाइयाँ: बित्ता, कदम, कप, छड़ी, बीज — मापनकर्ता के शरीर या उपलब्ध वस्तुओं पर आधारित इकाइयाँ। अमानक इकाइयाँ पहले इसलिए प्रस्तुत की जाती हैं क्योंकि ये सुलभ, मूर्त और बच्चों के स्वाभाविक तुलना के तरीकों से जुड़ी हैं।

मानक इकाइयाँ आवश्यक क्यों हो जाती हैं: अमानक इकाइयाँ अलग-अलग लोगों को अलग-अलग उत्तर देती हैं। एक मेज़ को शिक्षक 6 बित्ते में माप सकते हैं और एक छोटा बच्चा 8 में। यह असंगति मानक इकाइयों की वास्तविक आवश्यकता बताती है — वे इकाइयाँ जो मापनकर्ता से निरपेक्ष हों। यही वह क्षण है जब बच्चे समझते हैं कि cm, m, kg, L क्यों हैं।

मानक इकाइयाँ और उनके संबंध:
लंबाई: mm, cm, m, km। 10 mm = 1 cm; 100 cm = 1 m; 1000 m = 1 km।
भार/द्रव्यमान: g, kg, क्विंटल, टन। 1000 g = 1 kg; 100 kg = 1 क्विंटल।
धारिता/आयतन: mL, L। 1000 mL = 1 L।
समय: सेकंड, मिनट, घंटा, दिन, सप्ताह, माह, वर्ष। 60 s = 1 min; 60 min = 1 hr; 24 hr = 1 दिन; 365 दिन = 1 वर्ष।

शिक्षण निहितार्थ: शासक और तराजू से पहले अमानक इकाइयों का उपयोग और आलोचना करें। असंगत माप की असुविधा ही मानक इकाइयों की प्रेरणा है।

लंबाई, परिमाप और क्षेत्रफल

लंबाई प्राथमिक स्तर पर सबसे अधिक मापा जाने वाला गुण है, और यह स्वाभाविक रूप से परिमाप और क्षेत्रफल में विस्तृत होती है — दो अवधारणाएँ जिन्हें प्राथमिक बच्चे अक्सर भ्रमित करते हैं।

लंबाई: एक-आयामी मापन — दो बिंदुओं के बीच की दूरी। पैमाने (cm, mm) या मापने वाली फीता (m) से मापी जाती है। मापने से पहले अनुमान लगाना संख्या-बोध विकसित करता है।

परिमाप: एक बंद आकृति की सभी भुजाओं की कुल लंबाई। परिमाप अभी भी एक-आयामी माप है। आयत के लिए: परिमाप = 2(l + b)। वर्ग के लिए: परिमाप = 4s। बच्चे किसी आकृति के चारों ओर धागा लपेटकर परिमाप माप सकते हैं।

क्षेत्रफल: किसी आकृति से घिरी द्वि-आयामी जगह की मात्रा। क्षेत्रफल वर्ग इकाइयों (cm², m²) में मापा जाता है। आयत के लिए: क्षेत्रफल = लंबाई × चौड़ाई। वर्ग के लिए: क्षेत्रफल = भुजा × भुजा = भुजा²।

महत्त्वपूर्ण अंतर: परिमाप और क्षेत्रफल स्वतंत्र हैं। दो आकृतियों का परिमाप समान परंतु क्षेत्रफल भिन्न हो सकता है। CTET में 'गुणनखंड जोड़े' के प्रश्न: 48 cm² क्षेत्रफल वाले कितने भिन्न आयत बनाए जा सकते हैं? 48 के गुणनखंड युगल: (1,48), (2,24), (3,16), (4,12), (6,8) = 5 भिन्न आयत।

आकृतियों का विभाजन: यदि 4 cm × 4 cm का एक वर्ग 4 समान छोटे वर्गों में बाँटा जाए, तो प्रत्येक की भुजा 2 cm और क्षेत्रफल 2×2=4 cm² होगा। कुल क्षेत्रफल = 4×4=16 cm² = 4×4 cm² ✓।

भार और द्रव्यमान — ग्राम, किलोग्राम और तराजू

भार (प्राथमिक स्तर पर द्रव्यमान) वस्तु में पदार्थ की मात्रा का माप है। मानक इकाइयाँ: ग्राम (g) हल्की वस्तुओं के लिए (सिक्का, मिठाई) और किलोग्राम (kg) भारी वस्तुओं के लिए (चावल की थैली, व्यक्ति)। 1000 g = 1 kg।

बेंचमार्क विकसित करें: 50-पैसे का सिक्का ≈ 4 g; एक हाथ ≈ 400 g; एक kg चीनी की थैली = 1 kg। ये बेंचमार्क भार-बोध (weight sense) विकसित करते हैं।

तराजू (पैन बैलेंस): प्राथमिक स्तर पर भार पढ़ाने के लिए सबसे महत्त्वपूर्ण मूर्त उपकरण। यह संतुलन — दोनों तरफ समान भार — को भौतिक रूप से दृश्यमान बनाता है। दोनों पल्लों में वस्तुएँ रखकर और उन्हें ऊपर-नीचे होते देखकर बच्चे भार-तुलना का अनुभव करते हैं।

मापने से पहले अनुमान: हमेशा बच्चों से पहले अनुमान लगवाएँ। 'क्या यह किताब 500 g से भारी है या हल्की?' अनुमान मापन को एक सक्रिय सोच-प्रक्रिया बनाता है।

व्यावहारिक गतिविधियाँ:
• दोनों हाथों में उठाकर वस्तुओं को भार के अनुसार क्रमबद्ध करें।
• लगभग 100 g, 500 g, 1 kg भार की वस्तुएँ खोजें।
• यदि तीन पेंसिल मिलाकर 45 g हैं, तो एक पेंसिल कितने g की है?

सामान्य भ्रांति: बच्चे अक्सर मानते हैं कि बड़ी वस्तुएँ हमेशा भारी होती हैं। एक फुलाया हुआ गुब्बारा उससे बहुत छोटे कंकड़ से 'हल्का लगता है।' आकार और भार को अलग-अलग तुलना करने वाली गतिविधियाँ इस भ्रांति को दूर करती हैं।

समय — घड़ी पढ़ना, बीता समय और कैलेंडर

समय विशेष रूप से अमूर्त मापन गुण है क्योंकि इसे सीधे देखा या छुआ नहीं जा सकता। प्राथमिक बच्चे समय को दो रूपों में देखते हैं: घड़ी से समय पढ़ना और बीते समय की गणना।

घड़ी पढ़ना: डिजिटल और 24 घंटे की घड़ी से पहले एनालॉग (12 घंटे) घड़ी प्रस्तुत की जानी चाहिए। घंटे और मिनट की सूइयों की गति — मिनट की सूई एक पूरा चक्र (60 मिनट) करती है जबकि घंटे की सूई एक घंटे के निशान से दूसरे तक जाती है — को मूर्त अनुभव से धीरे-धीरे बनाना चाहिए।

12 घंटे और 24 घंटे की घड़ी: AM (मध्यरात्रि से दोपहर से पहले); PM (दोपहर के बाद)। 24 घंटे की घड़ी में: मध्यरात्रि = 00:00; दोपहर = 12:00; 1 PM = 13:00; 11 PM = 23:00। 24 घंटे की घड़ी AM/PM भ्रम से बचाती है और ट्रेन टाइमटेबल, आधिकारिक कार्यक्रमों में उपयोग होती है।

बीते समय की गणना: ट्रेन यात्रा उदाहरण (CTET 2021): ट्रेन 30 मई 23:40 पर रवाना, 1 जून 05:15 पर पहुँची। 30 मई 23:40 से 31 मई 23:40 = 24 घंटे; 31 मई 23:40 से 1 जून 05:15 = 5 घंटे 35 मिनट। कुल = 29 घंटे 35 मिनट।

घड़ी-मिलन समय (CTET 2021): अस्मिता 8:30 AM से 15 मिनट पहले = 8:15 AM। सहयोगी 30 मिनट बाद = 8:45 AM। सहयोगी 40 मिनट देर से है। बैठक = 8:45 AM − 40 मिनट = 8:05 AM।

कैलेंडर: दिन, सप्ताह (7 दिन), महीने (28/29/30/31 दिन), वर्ष (365/366 दिन)। लीप वर्ष: 4 से विभाज्य। कैलेंडर पढ़ना और तिथियों के बीच दिन गिनना व्यावहारिक कौशल हैं।

धारिता और आयतन — लीटर, मिलीलीटर और व्यावहारिक गतिविधियाँ

धारिता (capacity) से तात्पर्य है एक पात्र में कितना आ सकता है; आयतन से तात्पर्य है किसी पदार्थ द्वारा घेरी गई जगह। प्राथमिक स्तर पर दोनों को लीटर (L) और मिलीलीटर (mL) में मापा जाता है।

मानक इकाइयाँ: 1000 mL = 1 L। सामान्य बेंचमार्क: एक चम्मच ≈ 5 mL; दवाई की बोतल ≈ 100–200 mL; पानी की बोतल ≈ 1 L; बाल्टी ≈ 10–15 L।

धारिता के लिए व्यावहारिक गतिविधियाँ:
• पात्रों में पानी भरें और एक से दूसरे में डालें: 'इस जग को कितने कप भरते हैं?'
• दो पात्रों की तुलना करें: कौन अधिक रखता है? एक भरकर दूसरे में डालकर जाँचें।
• अनुमान लगाएँ फिर मापें।
• खाना पकाने के संदर्भ: '250 mL दूध + 250 mL पानी = 500 mL।'

यहाँ भी पहले अमानक: जो बच्चा कप को इकाई के रूप में उपयोग करके पानी डालता है ('इस जग में 5 कप आते हैं') वह धारिता के अर्थ को समझता है। मानक इकाइयों पर सीधे जाना वैचारिक आधार खो देता है।

गुणा-भाग से संबंध: यदि एक पात्र में 250 mL है, तो कितने पात्र 1 लीटर बोतल भरेंगे? 1000 ÷ 250 = 4। 3 पात्र = 3 × 250 = 750 mL। धारिता की गणना में स्वाभाविक रूप से गुणा और भाग आता है।

मुद्रा — रुपये, पैसे और अंकगणित

मुद्रा मापन का एक विशेष रूप है — यह आर्थिक मूल्य मापती है। प्राथमिक स्तर पर बच्चे रुपये और पैसे, उनका संबंध (100 पैसे = 1 रुपया), और दशमलव के रूप में मुद्रा अंकगणित सीखते हैं।

मुद्रा में स्थानीय मान और दशमलव: ₹15.50 का अर्थ है 15 रुपये और 50 पैसे। दशमलव बिंदु रुपये (बाईं ओर) को पैसे (दाईं ओर) से अलग करता है। मुद्रा अक्सर वह पहला संदर्भ है जिसमें बच्चे दशमलव संकेतन का सार्थक उपयोग देखते हैं।

मुद्रा की गणना: उदाहरण (CTET 2021): एक बच्चा क्रेयॉन ₹15.50, 2 पेंसिल ₹28, स्केच पेन ₹22.50, कैंची ₹17, 5 चमकीले कागज़ ₹12.50, और स्टिकर ₹5 खरीदता है। कुल = 15.50+28.00+22.50+17.00+12.50+5.00 = ₹100.50। ध्यान दें: '2 पेंसिल' = ₹28 (₹14 प्रति पेंसिल); '5 कागज़' = ₹12.50 (₹2.50 प्रति कागज़)। इकाई मूल्य और कुल मूल्य में सावधानी से अंतर करें।

खुले पैसे (Making Change): ₹50 देकर ₹37.25 का सामान लिया — कितना वापस मिलेगा? 50.00 − 37.25 = 12.75। यह दशमलव उधार के साथ घटाव है।

मुद्रा पढ़ाना: खेल-मुद्रा (नकली नोट और सिक्के) से दुकान खेलें। बच्चे बारी-बारी से दुकानदार और ग्राहक बनें। CTET के मुद्रा प्रश्न गणना सटीकता और वैचारिक शिक्षण दोनों परखते हैं।

मुद्रा में अनुमान: 'क्या ₹100 में यह सब मिल जाएगा?' पहले अनुमान: ₹15+₹28+₹22+₹17+₹12+₹5 ≈ ₹99। यह NCF 2005 द्वारा प्रोत्साहित अनुमान-फिर-गणना की आदत है।

CTET परीक्षा फ़ोकस

CTET पेपर 1 में मापन प्रश्न तीन क्षेत्रों में आते हैं: समय-गणना (घड़ी और कैलेंडर), आकृतियों का क्षेत्रफल/परिमाप, और मुद्रा अंकगणित।

बीता समय: सबसे अधिक परखा जाने वाला मापन विषय। 'ब्रिज विधि': (1) अगले पूर्ण घंटे तक मिनट गिनें, (2) पूर्ण घंटे गिनें, (3) शेष मिनट गिनें। बहु-दिन समस्याओं के लिए (जैसे ट्रेन यात्रा): प्रत्येक पूरे दिन के लिए 24 घंटे जोड़ें, फिर शेष घंटे और मिनट जोड़ें। ट्रेन 30 मई 23:40 → 1 जून 05:15: 24h + 5h 35m = 29h 35m।

विभाजित आकृतियों का क्षेत्रफल: 4 cm × 4 cm वर्ग को 4 बराबर वर्गों में बाँटें: नई भुजा = 4÷2=2 cm; नया क्षेत्रफल = 2×2=4 cm²। सदा जाँचें कि भागों का योग पूरे के बराबर हो।

गुणनखंड-जोड़े आयत: 48 cm² क्षेत्रफल के पूर्णांक भुजाओं वाले कितने भिन्न आयत? 48 के गुणनखंड युगल: (1,48), (2,24), (3,16), (4,12), (6,8) = 5। प्रत्येक अक्रमित युगल को एक बार गिनें।

मुद्रा योग: प्रत्येक वस्तु को ध्यान से पढ़ें — इकाई मूल्य और कई इकाइयों के कुल मूल्य में अंतर करें। दशमलव बिंदु मिलाकर जोड़ें। गणना के बाद तर्कसंगतता की त्वरित जाँच करें।

घड़ी-मिलन: छोटे-छोटे चरणों में प्रश्न हल करें, प्रत्येक व्यक्ति का आगमन समय अलग-अलग लिखें। अस्मिता = 8:30−15=8:15; सहयोगी = 8:15+30=8:45; सहयोगी 40 मिनट देर से; बैठक = 8:45−40=8:05।

पहले अमानक इकाई — शैक्षणिक तर्क: CTET पूछ सकता है: 'मानक से पहले अमानक इकाई क्यों?' उत्तर है: 'आसान होने के कारण नहीं', बल्कि अमानक मापन असंगति की सीमा दिखाती है — अलग-अलग लोगों को अलग-अलग उत्तर मिलते हैं — जो मानक इकाइयों की आवश्यकता को प्रेरित करती है।

अभ्यास प्रश्न

Q1. अस्मिता गोष्ठी के लिए विद्यालय 8.30 am से 15 मिनट पहले पहुँचती है। वह अपनी सहयोगी से आधे घंटे पहले पहुँची है, जो गोष्ठी के लिए 40 मिनट देरी से आती है। गोष्ठी का निर्धारित समय क्या था?

  • 8.15 am
  • 9.10 am
  • 8.45 am
  • 8.05 am

व्याख्या: अस्मिता 8:30 AM से 15 मिनट पहले = 8:15 AM पर पहुँचती है। सहयोगी 30 मिनट बाद = 8:45 AM पर। सहयोगी 40 मिनट देर से है। बैठक का समय = 8:45 − 40 मिनट = 8:05 AM।

स्रोत: CTET Jan 2021 Paper 1, Q33

Q2. एक रेलगाड़ी पटना से 30 मई, 2020 को 23:40 घंटे पर चलती है और 1 जून, 2020 को 5:15 घंटे पर मुंबई पहुँचती है। रेलगाड़ी की कुल यात्रा का समय क्या है?

  • 28 घंटे 20 मिनट
  • 29 घंटे 35 मिनट
  • 29 घंटे 15 मिनट
  • 28 घंटे 25 मिनट

व्याख्या: ट्रेन 30 मई 23:40 पर रवाना। 30 मई 23:40 से 31 मई 23:40 = 24 घंटे। 31 मई 23:40 से 1 जून 05:15 = 5 घंटे 35 मिनट। कुल यात्रा = 29 घंटे 35 मिनट।

स्रोत: CTET Jan 2021 Paper 1, Q36

Q3. 1 cm × 1 cm वाले 48 छोटे वर्गों को कितने प्रकार से व्यवस्थित किया जा सकता है, कि परिणामी क्षेत्रफल 48 cm² हो?

  • 6
  • 4
  • 5
  • 2

व्याख्या: क्षेत्रफल = 48 cm²। 48 के पूर्णांक गुणनखंड युगल: (1,48), (2,24), (3,16), (4,12), (6,8)। प्रत्येक अक्रमित युगल एक भिन्न आयत देता है। कुल = 5 भिन्न आयत।

स्रोत: CTET Jan 2021 Paper 1, Q31

Q4. एक वर्ग की भुजा 4 cm है। इसे काट कर 4 बराबर वर्गों में विभाजित किया गया। प्रत्येक छोटे वर्ग का क्षेत्रफल क्या होगा?

  • 4 cm²
  • 1 cm²
  • 16 cm²
  • 8 cm²

व्याख्या: 4 cm × 4 cm वर्ग को 4 बराबर छोटे वर्गों में बाँटा जाए तो प्रत्येक की भुजा = 4÷2 = 2 cm। प्रत्येक छोटे वर्ग का क्षेत्रफल = 2×2 = 4 cm²।

स्रोत: CTET Dec 2019 Paper 1, Q32

Q5. विभिन्न स्टेशनरी (लेखन-सामग्री) वस्तुओं की दरें नीचे दी गई हैं : एक रंगीन पेन का पैकेट — ₹ 15.50 पेंसिलों का एक पैकेट — ₹ 14.00 स्केच पेन का एक पैकेट — ₹ 22.50 एक कैंची — ₹ 17.00 एक रबड़ — ₹ 2.00 चाकदानी कागज का एक पत्र (नीट) — ₹ 2.50 सजावटी स्टिकर का एक पैक — ₹ 5.00 सोहेल एक रंगीन पेन का पैकेट, दो पेंसिलों के पैकेट, एक स्केच पेन का पैकेट, एक कैंची, चाकदानी कागज की 5 शीट और सजावटी स्टिकर का एक पैक खरीदता है। उसे कितनी राशि का भुगतान करना होगा?

  • ₹ 98.00
  • ₹ 86.50
  • ₹ 100.50
  • ₹ 102.00

व्याख्या: मुद्रा का योग: क्रेयॉन ₹15.50 + 2 पेंसिल (2×₹14=₹28) + स्केच पेन ₹22.50 + कैंची ₹17 + 5 चमकीले कागज़ (5×₹2.50=₹12.50) + स्टिकर ₹5 = ₹100.50।

स्रोत: CTET Jan 2021 Paper 1, Q35